Jaipur Mayor Election 2026: जयपुर नगर निगम के महापौर चुनाव से पहले कांग्रेस ने पुलिस-प्रशासन के सामने अपने निर्वाचित पार्षदों की सुरक्षा का मुद्दा उठाया है। पार्टी प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को ज्ञापन देकर मांग की कि किसी भी पार्षद को मतदान से रोकने, कथित रूप से दबाव बनाने या अनधिकृत रूप से हिरासत में लेने जैसी स्थिति नहीं बननी चाहिए। कांग्रेस ने हालिया मतगणना के दौरान सात मामलों में कथित विसंगतियों और पुलिस व्यवहार की जांच की मांग भी की है।
जयपुर में सभी 150 वार्डों के अंतिम परिणाम अब घोषित हो चुके हैं। पांच बूथों पर हुए पुनर्मतदान के बाद कांग्रेस ने चारों संबंधित वार्ड जीते और उसकी संख्या 53 से बढ़कर 57 पार्षद हो गई। BJP के पास 78 पार्षद और निर्दलीय के पास 15 पार्षद हैं। 150 सदस्यीय निगम में बहुमत का आंकड़ा 76 है।
Jaipur Mayor Election 2026 से पहले कांग्रेस ने उठाए सवाल
Jaipur Mayor Election 2026 को लेकर सियासी गतिविधियां तेज होने के बीच जयपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी ने प्रशासन को ज्ञापन दिया है।
कांग्रेस की मांग है कि उसके निर्वाचित पार्षदों को महापौर चुनाव की प्रक्रिया में बिना किसी दबाव या बाधा के शामिल होने दिया जाए। ज्ञापन में पार्षदों के निर्वाचन स्थल तक पहुंचने, परिसर में प्रवेश करने, मतदान करने और वापस लौटने के दौरान सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की गई है।
पार्टी का कहना है कि किसी पार्षद को मतदान से पहले रास्ते में रोकना, अनधिकृत तरीके से थाने ले जाना या हिरासत में रखना निर्वाचन प्रक्रिया को प्रभावित कर सकता है।
ये फिलहाल कांग्रेस की आशंकाएं और मांगें हैं। उपलब्ध रिपोर्टों में इस विशेष ज्ञापन पर पुलिस की विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
Jaipur Mayor Election 2026: मतगणना के 7 मामलों की जांच की मांग
कांग्रेस ने ज्ञापन में जयपुर नगर निगम चुनाव की मतगणना से जुड़े कम से कम सात मामलों पर भी सवाल उठाए हैं।
पार्टी ने आरोप लगाया कि इन सीटों पर उसके प्रत्याशी मतगणना के दौरान आगे चल रहे थे, लेकिन बाद में बहुत कम अंतर से उन्हें पराजित घोषित कर दिया गया।
कांग्रेस का दावा है कि संबंधित प्रत्याशियों ने कथित विसंगतियों को लेकर recounting की मांग की, लेकिन उनकी बात नहीं सुनी गई और कुछ स्थानों पर पुलिस ने कथित रूप से धक्का-मुक्की तथा बल प्रयोग कर उन्हें counting centre से बाहर कर दिया।
इन आरोपों को स्वतंत्र रूप से स्थापित तथ्य नहीं माना जाना चाहिए। कांग्रेस ने इन्हीं दावों की निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराने की मांग की है।
Jaipur Mayor Election 2026: CCTV फुटेज सुरक्षित रखने की मांग
Jaipur Mayor Election 2026 से पहले दिए गए ज्ञापन में कांग्रेस ने मतगणना केंद्रों के CCTV फुटेज, वीडियोग्राफी और संबंधित पुलिस ड्यूटी रिकॉर्ड सुरक्षित रखने की भी मांग की है।
पार्टी चाहती है कि रिकॉर्ड की जांच के आधार पर यह पता लगाया जाए कि मतगणना के दौरान किसी प्रत्याशी या उसके प्रतिनिधि के साथ अनुचित व्यवहार हुआ या नहीं।
कांग्रेस ने कथित बल प्रयोग के लिए जिम्मेदारी तय करने और पुनर्मतगणना तथा परिणाम से जुड़ी शिकायतों को सक्षम निर्वाचन अधिकारी तक पहुंचाने की व्यवस्था करने को भी कहा है।
Jaipur Mayor Election 2026: शिकायत के लिए वरिष्ठ अधिकारी नियुक्त करने की मांग
ज्ञापन में एक और मांग यह है कि महापौर चुनाव से पहले शिकायतों के तत्काल समाधान के लिए किसी वरिष्ठ पुलिस या प्रशासनिक अधिकारी को नोडल अधिकारी बनाया जाए।
कांग्रेस ने उस अधिकारी का contact number पार्षदों और संबंधित पक्षों को उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि मतदान के दौरान किसी तरह की परेशानी सामने आने पर तत्काल शिकायत की जा सके।
पार्टी ने प्रशासन से अपनी शिकायतों पर हुई शुरुआती कार्रवाई के बारे में सात दिन के भीतर लिखित जानकारी देने की मांग भी रखी है।
Jaipur Mayor Election 2026: ज्ञापन पर किन नेताओं के हस्ताक्षर?
पार्टी की ओर से दिए गए ज्ञापन में जयपुर शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुनील शर्मा की प्रमुख भूमिका रही।
रिपोर्टों के मुताबिक ज्ञापन से जुड़े प्रतिनिधिमंडल में पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास, विधायक रफीक खान, विधायक अमीन कागजी और पूर्व विधायक गंगा देवी समेत अन्य कांग्रेस नेता शामिल रहे।
कांग्रेस की मुख्य मांग यह है कि महापौर चुनाव शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और बिना किसी कथित प्रशासनिक दबाव के कराया जाए।
Jaipur Mayor Election 2026: जयपुर में BJP 78, कांग्रेस 57
Jaipur Mayor Election 2026 से पहले नगर निगम का अंतिम दलीय गणित भी अब साफ हो चुका है।
जयपुर नगर निगम में कुल 150 वार्ड हैं। BJP के 78 पार्षद हैं, जबकि कांग्रेस की संख्या 57 है और 15 निर्दलीय पार्षद हैं। 76 पार्षदों का समर्थन बहुमत के लिए जरूरी है।
14 सितंबर की शुरुआती मतगणना के बाद कांग्रेस के पास 53 सीटें थीं, लेकिन वार्ड 9, 18, 25 और 34 के पांच मतदान केंद्रों पर दोबारा मतदान कराया गया।
17 सितंबर को आए repoll results में कांग्रेस ने चारों वार्ड जीते, जिसके बाद उसकी संख्या बढ़कर 57 हो गई। BJP की संख्या 78 और निर्दलीयों की संख्या 15 बनी रही।
Jaipur Mayor Election 2026: 25 सितंबर को महापौर चुनाव
जयपुर के साथ जोधपुर और कोटा में भी महापौर पद के चुनाव 25 सितंबर 2026 को निर्धारित हैं। Repoll के नतीजे आने के बाद इन निगमों की अंतिम पार्षद संख्या स्पष्ट हो गई है।
इस बीच BJP और कांग्रेस दोनों अपने-अपने स्तर पर महापौर चुनाव की तैयारियों में जुटे हैं।
जयपुर में BJP के पास अपने दम पर बहुमत से अधिक पार्षद हैं। दूसरी तरफ कांग्रेस ने चुनाव से पहले प्रशासन की निष्पक्षता और अपने पार्षदों की सुरक्षा को लेकर औपचारिक रूप से सवाल उठाए हैं।
अशोक गहलोत भी लगा चुके हैं आरोप
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी निकाय प्रमुखों के चुनाव से पहले पुलिस और प्रशासन के इस्तेमाल को लेकर BJP सरकार पर आरोप लगाए हैं।
गहलोत का आरोप है कि विपक्षी और निर्दलीय पार्षदों पर दबाव बनाने का प्रयास किया जा रहा है। ये राजनीतिक आरोप हैं और BJP ने चुनाव प्रक्रिया में गड़बड़ी से जुड़े ऐसे व्यापक आरोपों को खारिज किया है।
ऐसे में Jaipur Mayor Election 2026 में कांग्रेस के ताजा ज्ञापन को राज्यभर में निकाय प्रमुखों के चुनाव से पहले जारी राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के संदर्भ में देखा जा रहा है।
कांग्रेस की प्रमुख मांगें
कांग्रेस ने प्रशासन के सामने मुख्य तौर पर ये मांगें रखी हैं:
- निर्वाचित पार्षदों को किसी तरह से डराया या धमकाया न जाए।
- पार्षदों को राजनीतिक दबाव में हिरासत में न लिया जाए।
- निर्वाचन स्थल तक सुरक्षित और निर्बाध आवागमन सुनिश्चित हो।
- मतदान प्रक्रिया में किसी तरह का अवरोध न हो।
- शिकायत के लिए वरिष्ठ अधिकारी नियुक्त किया जाए।
- मतगणना से जुड़े सात मामलों की निष्पक्ष जांच हो।
- CCTV फुटेज, वीडियोग्राफी और पुलिस रिकॉर्ड सुरक्षित रखा जाए।
Jaipur Mayor Election 2026 की बड़ी बातें
- जयपुर नगर निगम में कुल 150 पार्षद हैं।
- BJP के पास 78 पार्षद हैं।
- कांग्रेस के पास repoll के बाद 57 पार्षद हैं।
- निर्दलीय पार्षदों की संख्या 15 है।
- बहुमत का आंकड़ा 76 है।
- महापौर चुनाव 25 सितंबर को निर्धारित है।
- कांग्रेस ने पार्षदों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन को ज्ञापन दिया है।
- सात मतगणना मामलों की जांच की मांग की गई है।
- CCTV और वीडियोग्राफी सुरक्षित रखने को कहा गया है।
- मतगणना में कथित गड़बड़ी और पुलिस व्यवहार से जुड़े आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
महापौर चुनाव से पहले बढ़ी राजनीतिक सरगर्मी
कुल मिलाकर Jaipur Mayor Election 2026 से पहले कांग्रेस ने पुलिस और प्रशासन को औपचारिक रूप से अपनी आशंकाओं से अवगत करा दिया है। पार्टी का कहना है कि हर निर्वाचित पार्षद को बिना किसी दबाव के अपने मताधिकार का इस्तेमाल करने दिया जाना चाहिए।
दूसरी ओर BJP 78 पार्षदों के साथ नगर निगम में बहुमत के आंकड़े से ऊपर है। कांग्रेस के मतगणना और प्रशासन को लेकर लगाए गए आरोपों की जांच या पुलिस की विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आने के बाद ही इन दावों की स्थिति और स्पष्ट होगी। महापौर पद के लिए मतदान 25 सितंबर को होना है।
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