Pushkar Foreign Women Detained: अजमेर के पुष्कर में होटल चेकिंग के दौरान विदेशी नागरिकों के वीजा और भारत में प्रवेश से जुड़े तीन मामले सामने आए हैं। CID विशेष शाखा और Foreigners Registration Officer यानी FRO की टीम ने केन्या की एक महिला को निर्धारित वीजा अवधि समाप्त होने के बाद भी भारत में रहने और थाईलैंड की दो महिलाओं को कथित तौर पर भारत-नेपाल सीमा के रास्ते अवैध प्रवेश के मामले में डिटेन किया है।
राज्य गृह विभाग के आदेश के बाद तीनों महिलाओं को उनके deportation की प्रक्रिया पूरी होने तक अलवर स्थित Detention Centre भेज दिया गया है। पुलिस के मुताबिक तीनों को 1 अक्टूबर को सुरक्षा व्यवस्था के साथ अलवर पहुंचाया गया।
Pushkar Foreign Women Detained: होटल श्रीपैलेस से शुरू हुई जांच
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक CID विशेष शाखा एवं Foreigners Registration Officer राजेश मीणा के मुताबिक 29 सितंबर को एक विदेशी नागरिक के कथित रूप से अवैध तरीके से रहने की सूचना मिली थी।
इसके बाद CID विशेष शाखा और पुष्कर यूनिट ने पुष्कर स्थित होटल श्रीपैलेस की जांच की।
पुलिस के अनुसार होटल संचालक ने विदेशी महिला के वहां ठहरने की जानकारी दी, लेकिन उसके passport और visa से जुड़े दस्तावेज तत्काल उपलब्ध नहीं कराए जा सके। होटल रजिस्टर में भी महिला की जानकारी दर्ज नहीं मिलने की बात सामने आई।

Pushkar: मोबाइल में मिले Passport-Visa के दस्तावेज
महिला कांस्टेबल की मौजूदगी में जांच के दौरान केन्याई महिला ने अधिकारियों को बताया कि उसके पास passport और visa की मूल प्रतियां मौजूद नहीं हैं।
हालांकि उसने अपने मोबाइल फोन में इन दस्तावेजों की प्रतियां होने की जानकारी दी। अधिकारियों ने मोबाइल में उपलब्ध दस्तावेज और online immigration records के जरिए उसकी पहचान तथा visa details की जांच की।
Pushkar: 90 दिन का वीजा, एक साल से ज्यादा का Overstay
पुलिस के मुताबिक केन्याई महिला ने 6 मार्च 2025 को भारत में प्रवेश किया था और उसके visa पर अधिकतम 90 दिन तक रहने की अनुमति थी।
लेकिन visa की निर्धारित अवधि समाप्त होने के बाद भी वह भारत में बनी रही। जांच में उसके दिल्ली-गुरुग्राम क्षेत्र में रहने और घटना से करीब पांच दिन पहले पुष्कर पहुंचने की जानकारी सामने आई है।
पुलिस के अनुसार वह एक साल से ज्यादा समय से visa overstay कर रही थी।
भारत में visa की निर्धारित अवधि से ज्यादा समय तक रहने को Immigration and Foreigners Act, 2025 में उल्लंघन के दायरे में रखा गया है। कानून की धारा 23 के मुताबिक visa अवधि से अधिक रहने के मामले में अधिकतम तीन साल की कैद, तीन लाख रुपए तक जुर्माना या दोनों का प्रावधान हो सकता है। यह कानून 1 सितंबर 2025 से लागू है।
हालांकि किसी विशेष मामले में कौन-सी धारा लगेगी और क्या दंड होगा, यह संबंधित प्राधिकारी और न्यायिक प्रक्रिया पर निर्भर करता है।
Pushkar: दूसरी होटल चेकिंग में मिलीं थाईलैंड की दो महिलाएं
Pushkar Foreign Women Detained मामले में दूसरी कार्रवाई State Special Branch Jaipur से मिले alert के आधार पर की गई।
29 सितंबर को पुष्कर के नाला क्षेत्र में स्थित Hotel Moomal Resort में जांच के दौरान थाईलैंड की दो महिलाओं के ठहरने की जानकारी सामने आई।
पुलिस ने उनके travel documents और online immigration records की जांच की। CID/FRO के मुताबिक जांच में दोनों के भारत-नेपाल सीमा के रास्ते कथित रूप से बिना वैध immigration entry के भारत आने की जानकारी मिली।
यह पुलिस जांच में सामने आया दावा है। दोनों महिलाओं के प्रवेश की परिस्थितियों पर किसी अंतिम न्यायिक निष्कर्ष की जानकारी फिलहाल सार्वजनिक नहीं है।
Pushkar: गृह विभाग को भेजी गई रिपोर्ट
तीनों मामलों की जांच के बाद CID/FRO अधिकारियों ने उनकी immigration status और कथित visa violations की जानकारी राजस्थान गृह विभाग को भेजी।
इसके बाद राज्य गृह विभाग की ओर से तीनों को deportation की प्रक्रिया पूरी होने तक detention centre में रखने के आदेश जारी किए गए। इसी आदेश के आधार पर उन्हें 1 अक्टूबर को Alwar Detention Centre भेजा गया।
Detention Centre में रखा जाना जेल की सजा के समान नहीं होता। ऐसे मामलों में विदेशी नागरिकों को immigration और deportation संबंधी प्रक्रिया पूरी होने तक निर्धारित केंद्र में रखा जा सकता है।
Pushkar: होटल संचालकों की भी क्या जिम्मेदारी है?
इस मामले के बाद पुलिस ने होटल, guest house और अन्य accommodation operators को विदेशी नागरिकों के दस्तावेज और ठहरने की जानकारी निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार दर्ज करने की चेतावनी दी है।
Immigration and Foreigners Act, 2025 की धारा 8 के मुताबिक किसी commercial accommodation में ठहरने वाले विदेशी नागरिक की निर्धारित जानकारी Registration Officer को देना accommodation operator की जिम्मेदारी है। विदेशी नागरिक को भी आवश्यक particulars उपलब्ध कराने होते हैं।
कानून में “keeper of accommodation” को उस व्यक्ति के रूप में परिभाषित किया गया है जो accommodation के management का जिम्मेदार हो।
इसलिए किसी विदेशी नागरिक के ठहरने का record नहीं रखना या निर्धारित reporting requirement का पालन नहीं करना संबंधित operator के लिए कानूनी परेशानी पैदा कर सकता है।
Pushkar: Immigration and Foreigners Act, 2025 क्या कहता है?
केंद्र सरकार का Immigration and Foreigners Act, 2025 1 सितंबर 2025 से लागू हुआ था। इस कानून ने भारत में विदेशियों के entry, stay, visa, registration और exit से जुड़े कई पुराने कानूनी प्रावधानों को एक framework में शामिल किया है।
कानून के मुताबिक बिना वैध passport, travel document या आवश्यक visa के भारत में प्रवेश करने पर अलग दंड का प्रावधान है। Visa expiry के बाद overstay या visa conditions के उल्लंघन के लिए भी सजा और जुर्माने की व्यवस्था है।
Pushkar: पुष्कर में विदेशी पर्यटकों की जांच पर फोकस
पुष्कर अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों के बीच लोकप्रिय पर्यटन केंद्र है। इसके चलते CID, FRO और स्थानीय पुलिस की ओर से विदेशी नागरिकों के visa, passport और accommodation records की समय-समय पर जांच की जाती है।
फरवरी 2026 में भी पुष्कर में दो विदेशी पर्यटकों के tourist visa की शर्तों के कथित उल्लंघन के मामले में CID और पुलिस ने कार्रवाई कर Leave India Notice जारी किया था।
मौजूदा मामले में पुलिस अब तीनों महिलाओं की deportation प्रक्रिया आगे बढ़ा रही है। साथ ही होटल संचालकों को निर्देश दिया गया है कि विदेशी नागरिकों को ठहराने से पहले उनके वैध travel documents की जांच और निर्धारित reporting प्रक्रिया का पालन सुनिश्चित करें।
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