Jaipur Nagar Nigam Election: राजस्थान नगर निकाय चुनाव 2026 के दूसरे और अंतिम चरण में शुक्रवार, 11 सितंबर को जयपुर नगर निगम के सभी 150 वार्डों में मतदान हो रहा है। सुबह 7 बजे शुरू हुई वोटिंग शाम 6 बजे तक चलेगी। शहर के 24 लाख 33 हजार 121 मतदाता इस बार चुनाव मैदान में उतरे 723 प्रत्याशियों की किस्मत तय करेंगे। मतदान के लिए पूरे जयपुर नगर निगम क्षेत्र में 2,256 पोलिंग बूथ बनाए गए हैं।
जयपुर के साथ राजस्थान के अजमेर, जोधपुर, कोटा, उदयपुर और पाली नगर निगम समेत कुल 147 शहरी निकायों में शुक्रवार को दूसरे चरण का मतदान हो रहा है। पूरे चरण में 87.60 लाख से ज्यादा मतदाता 18 हजार से अधिक उम्मीदवारों का चुनावी भविष्य तय कर रहे हैं।
जयपुर में सुबह से मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की आवाजाही बनी हुई है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा समेत कई राजनीतिक नेताओं ने भी अपने मताधिकार का प्रयोग किया।
Jaipur Nagar Nigam Election की 10 बड़ी बातें
1. 150 वार्डों में सुबह 7 बजे से वोटिंग
Jaipur Nagar Nigam Election के लिए सभी 150 वार्डों में मतदान सुबह 7 बजे शुरू हुआ। वोटिंग शाम 6 बजे तक निर्धारित है।
जयपुर नगर निगम दूसरे चरण का सबसे बड़ा नगर निगम है। राजस्थान में शुक्रवार को कुल 147 शहरी निकायों में मतदान कराया जा रहा है।
मतदाताओं को निर्धारित मतदान केंद्र पर पहचान संबंधी आवश्यक दस्तावेज के साथ पहुंचकर वोट डालना है।
2. 24.33 लाख मतदाता तय करेंगे शहर की सरकार
जयपुर नगर निगम में कुल 24,33,121 मतदाता पंजीकृत हैं।
इनमें:
- 12,61,380 पुरुष मतदाता
- 11,71,649 महिला मतदाता
- 92 थर्ड जेंडर मतदाता
शामिल हैं।
यही मतदाता तय करेंगे कि अगले नगर निगम बोर्ड में किस राजनीतिक दल या समूह का पलड़ा भारी रहेगा।
3. 723 प्रत्याशी मैदान में
Jaipur Nagar Nigam Election में इस बार 150 वार्डों से कुल 723 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं।
BJP और कांग्रेस के उम्मीदवारों के अलावा बड़ी संख्या में निर्दलीय और दूसरे राजनीतिक दलों के उम्मीदवार भी मैदान में हैं।
कई वार्डों में मुकाबला सीधे BJP-कांग्रेस के बीच है, जबकि कई सीटों पर बागी और निर्दलीय प्रत्याशियों ने चुनाव को बहुकोणीय बना दिया है।
4. वार्ड 62 में सबसे ज्यादा 13 उम्मीदवार
जयपुर नगर निगम के वार्ड नंबर 62 में सबसे ज्यादा 13 उम्मीदवार मैदान में हैं। वहीं कई वार्ड ऐसे हैं जहां केवल दो उम्मीदवार आमने-सामने हैं और मुकाबला सीधा है।
35 वार्डों में तीन-तीन उम्मीदवार होने से वहां त्रिकोणीय मुकाबले की स्थिति बनी हुई है।
ऐसे में जयपुर का चुनावी परिणाम सिर्फ पार्टी वोट पर ही नहीं, बल्कि स्थानीय प्रत्याशियों और बागियों की मौजूदगी पर भी निर्भर करेगा।
5. जयपुर में बनाए गए 2,256 पोलिंग बूथ
Jaipur Nagar Nigam Election के लिए जिला निर्वाचन प्रशासन ने शहर में 2,256 मतदान केंद्र बनाए हैं।
इनमें 2,204 मुख्य और 52 auxiliary polling stations शामिल हैं।
सांगानेर क्षेत्र में सबसे ज्यादा 329 polling booths हैं। इसके बाद विद्याधर नगर में 298, बगरू में 264, झोटवाड़ा में 243 और हवामहल क्षेत्र में 241 बूथ बनाए गए हैं।
6. 652 बूथ ‘क्रिटिकल’, सुरक्षा के खास इंतजाम
जयपुर के कुल 2,256 polling stations में से 652 बूथों को critical category में रखा गया है। यह कुल बूथों का करीब 29 प्रतिशत है।
इन polling stations पर अतिरिक्त पुलिस बल और निगरानी की व्यवस्था की गई है।
Critical booths की पहचान कानून-व्यवस्था, पिछले विवाद, मतदान के दौरान संभावित तनाव और bogus voting जैसी आशंकाओं को ध्यान में रखकर की जाती है।
7. ‘आम और खास’ दोनों पहुंचे मतदान केंद्र
जयपुर में शुक्रवार सुबह से सामान्य मतदाताओं के साथ राजनीतिक नेताओं की भी मतदान केंद्रों पर मौजूदगी देखने को मिली।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भी वोट डाला और मतदाताओं से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में हिस्सा लेने की अपील की।
नगर निगम चुनाव होने के कारण स्थानीय मुद्दे—सड़क, सफाई, सीवर, स्ट्रीट लाइट, पानी और वार्ड स्तर के विकास कार्य—इस चुनाव में मतदाताओं के फैसले में अहम भूमिका निभा सकते हैं।
8. पहले चरण में 76.41% मतदान
राजस्थान नगर निकाय चुनाव के पहले चरण में 9 सितंबर को 162 नगरीय निकायों में मतदान हुआ था।
State Election Commission के आंकड़ों के हवाले से PTI की रिपोर्ट के अनुसार पहले चरण में 76.41 प्रतिशत voter turnout दर्ज किया गया।
पहले चरण की मजबूत voting के बाद अब दूसरे चरण में जयपुर समेत बड़े नगर निगमों के turnout पर सबकी नजर है।
हालांकि बड़े शहरों में आम तौर पर छोटे नगर निकायों की तुलना में मतदान प्रतिशत कम रहने का trend पहले चरण में भी दिखाई दिया था।
9. दूसरे चरण में पूरे राजस्थान के 87.60 लाख मतदाता
जयपुर अकेला शहर नहीं है जहां शुक्रवार को मतदान हो रहा है।
दूसरे चरण में राजस्थान के 147 urban local bodies में चुनाव हो रहा है। इसमें छह नगर निगम, 24 नगर परिषद और 117 नगरपालिकाएं शामिल हैं।
इस चरण में:
- 87,60,884 मतदाता
- 9,758 polling booths
- 4,774 wards
- 18,266 उम्मीदवार
चुनावी प्रक्रिया का हिस्सा हैं।
छह नगर निगमों में जयपुर के अलावा अजमेर, जोधपुर, कोटा, उदयपुर और पाली शामिल हैं।
10. 14 सितंबर को खुलेगा EVM का पिटारा
Jaipur Nagar Nigam Election में शुक्रवार को मतदान खत्म होने के बाद प्रत्याशियों की किस्मत EVM में बंद हो जाएगी।
दोनों चरणों के पार्षद चुनाव की मतगणना 14 सितंबर को सुबह 8 बजे से कराई जाएगी।
इसके बाद जयपुर के 150 वार्डों में किस उम्मीदवार को जीत मिली और नगर निगम बोर्ड में कौन-सा राजनीतिक दल सबसे बड़ी ताकत बनकर उभरा, इसकी तस्वीर साफ हो जाएगी।
पार्षदों के नतीजे आने के बाद 21 सितंबर को मेयर और 22 सितंबर को डिप्टी मेयर पद के लिए चुनाव होगा।
Jaipur Nagar Nigam Election में किसकी प्रतिष्ठा दांव पर?
Jaipur Nagar Nigam Election को BJP और कांग्रेस दोनों के लिए राजनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है।
राजधानी का नगर निगम होने की वजह से जयपुर के चुनाव परिणाम को केवल स्थानीय निकाय के नतीजे के तौर पर नहीं देखा जाएगा। राज्य में BJP की सरकार है और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने चुनाव प्रचार के आखिरी दिनों में जयपुर समेत कई शहरों में खुद मोर्चा संभाला था।
वहीं कांग्रेस ने भी स्थानीय समस्याओं, नगर निगम की व्यवस्थाओं और सरकार के कामकाज को लेकर BJP को घेरते हुए चुनाव प्रचार किया।
Jaipur Nagar Nigam Election, कई वार्डों में निर्दलीय और बागी उम्मीदवार दोनों प्रमुख पार्टियों के समीकरण बिगाड़ सकते हैं।
Jaipur Nagar Nigam Election की बड़ी तस्वीर
- 150 वार्डों में मतदान
- 24,33,121 मतदाता
- 723 उम्मीदवार
- 2,256 polling booths
- 652 critical booths
- मतदान का समय सुबह 7 से शाम 6 बजे तक
- वार्ड 62 में सबसे ज्यादा 13 उम्मीदवार
- पहले चरण में 76.41% turnout
- मतगणना 14 सितंबर
- मेयर चुनाव 21 सितंबर
- डिप्टी मेयर चुनाव 22 सितंबर
Jaipur Nagar Nigam Election: अब 14 सितंबर के नतीजों पर नजर
कुल मिलाकर Jaipur Nagar Nigam Election में शुक्रवार का दिन शहर की ‘छोटी सरकार’ तय करने वाला है। 24 लाख से ज्यादा मतदाता 150 वार्डों में 723 उम्मीदवारों के राजनीतिक भविष्य का फैसला कर रहे हैं।
BJP-कांग्रेस की सीधी लड़ाई वाले वार्ड हों या निर्दलीय और बागियों से बने त्रिकोणीय मुकाबले—अंतिम फैसला मतदाताओं के हाथ में है। मतदान पूरा होने के बाद सभी की नजर 14 सितंबर की मतगणना पर टिक जाएगी।
आधिकारिक चुनावी जानकारी के लिए Rajasthan State Election Commission देखा जा सकता है। राजस्थान की दूसरी खबरों के लिए The News Canvas पढ़ें।

