Nahargarh Biological Park Tiger Attack: जयपुर के नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में बुधवार सुबह दर्दनाक हादसा हो गया। यहां टाइगर ‘शिवाजी’ ने पार्क में काम कर रही एक महिला सफाईकर्मी पर हमला कर दिया। हमले में महिला की मौत हो गई। घटना के बाद वन विभाग और पार्क प्रशासन में हड़कंप मच गया और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचकर पूरे घटनाक्रम की जांच में जुट गए।
शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार हादसा पार्क के एंक्लोजर नंबर-16 के आसपास हुआ। महिला वहां सफाई और रखरखाव से जुड़ा काम कर रही थी। इसी दौरान टाइगर उसके संपर्क वाले हिस्से में पहुंच गया और हमला कर दिया। हालांकि वन विभाग ने अभी विस्तृत आधिकारिक बयान जारी कर यह स्पष्ट नहीं किया है कि सुरक्षा व्यवस्था में चूक किस स्तर पर हुई।
Nahargarh Biological Park Tiger Attack कैसे हुआ?
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक महिला मजदूर सुबह एंक्लोजर नंबर-16 में सफाई का काम कर रही थी। First India की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि केयरटेकर की ओर से कराल यानी holding area का दरवाजा खोले जाने के बाद बाघ एंक्लोजर के उस हिस्से में पहुंच गया, जहां मजदूर मौजूद थे। इसी दौरान महिला पर हमला हुआ।
हमले के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास काम कर रहे कर्मचारी भी घबरा गए। महिला को बचाने की कोशिश की गई, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी।
यह घटनाक्रम फिलहाल शुरुआती रिपोर्टों पर आधारित है। किसी व्यक्ति की जिम्मेदारी तय करने से पहले विभागीय जांच के निष्कर्ष का इंतजार करना जरूरी है।

Nahargarh Biological Park Tiger Attack: टाइगर ‘शिवाजी’ ने किया हमला
ताजा रिपोर्टों में हमला करने वाले टाइगर की पहचान ‘शिवाजी’ के रूप में की गई है। NDTV Rajasthan की रिपोर्ट के मुताबिक महिला पार्क में सफाईकर्मी थी और बुधवार सुबह शिवाजी के एंक्लोजर में काम कर रही थी। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि हमले की वास्तविक परिस्थितियों पर आधिकारिक विभागीय जानकारी अभी प्रतीक्षित है।
नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में शिवाजी समेत कई बाघ रखे गए हैं। पुराने पार्क रिकॉर्ड और रिपोर्टों में भी शिवाजी का नाम यहां मौजूद बाघों में शामिल रहा है।
वरिष्ठ वन अधिकारी मौके पर पहुंचे
Nahargarh Biological Park Tiger Attack की सूचना मिलते ही वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे।
मुख्य वन्यजीव प्रतिपालक अरुण प्रसाद, DCF आशीष व्यास और ACF स्तर के अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। राजस्थान वन विभाग की वर्तमान directory में भी आशीष व्यास को Nahargarh Biological Park के DCF के रूप में दर्ज किया गया है।
Nahargarh Biological Park Tiger Attack, पुलिस भी मौके पर पहुंची और आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू की गई।
Nahargarh Biological Park Tiger Attack: सुरक्षा प्रोटोकॉल पर उठे सवाल
इस हादसे के बाद सबसे बड़ा सवाल पार्क में dangerous wildlife enclosures के safety protocol को लेकर उठ रहा है।
आमतौर पर बाघ जैसे बड़े मांसाहारी जानवर के enclosure में सफाई या maintenance से पहले animal और staff के बीच physical separation सुनिश्चित किया जाता है। इसी वजह से यह जांच महत्वपूर्ण होगी कि घटना के समय टाइगर किस holding area में था, कौन-सा दरवाजा खुला और महिला कर्मचारी को काम करने की अनुमति किस प्रक्रिया के तहत दी गई।
Nahargarh Biological Park Tiger Attack, प्रारंभिक मीडिया रिपोर्ट में caretaker-level lapse की बात कही गई है, लेकिन वन विभाग की अंतिम inquiry से पहले इसे सिद्ध तथ्य नहीं माना जा सकता।
Nahargarh Biological Park Tiger Attack के बाद जांच
घटना के बाद विभाग यह पता लगाने में जुटा है कि क्या निर्धारित SOP का पालन किया गया था या नहीं।
जांच में मुख्य रूप से enclosure की locking व्यवस्था, कर्मचारियों की duty, सफाई का समय, tiger movement और मौके पर मौजूद कर्मचारियों के बयान महत्वपूर्ण हो सकते हैं।
फिलहाल महिला की पहचान से संबंधित आधिकारिक जानकारी सार्वजनिक रूप से स्पष्ट नहीं हुई है। उसके परिजनों और सहकर्मियों में घटना को लेकर आक्रोश की खबर भी सामने आई है।
नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क जयपुर का प्रमुख पर्यटन स्थल
नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क जयपुर-दिल्ली हाईवे पर स्थित राजस्थान के प्रमुख wildlife attractions में शामिल है। राजस्थान पर्यटन विभाग के मुताबिक यह करीब 720 हेक्टेयर क्षेत्र में फैला है और यहां Bengal tiger, Asiatic lion, leopard, hyena, bear समेत कई वन्यजीव रखे गए हैं।
इसी कारण बुधवार की घटना ने यहां काम करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
बड़ी बातें
- जयपुर के नाहरगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में महिला कर्मचारी की मौत।
- हमला टाइगर ‘शिवाजी’ ने किया।
- घटना एंक्लोजर नंबर-16 के आसपास हुई।
- महिला सफाई और रखरखाव के काम से जुड़ी बताई गई है।
- शुरुआती रिपोर्ट में enclosure/holding gate से जुड़ी चूक की आशंका जताई गई है।
- वरिष्ठ वन अधिकारी मौके पर पहुंचे।
- वन विभाग घटना की परिस्थितियों की जांच कर रहा है।
- किसी कर्मचारी की लापरवाही अभी आधिकारिक जांच में सिद्ध नहीं हुई है।
जांच के बाद साफ होगी जिम्मेदारी
कुल मिलाकर Nahargarh Biological Park Tiger Attack ने पार्क की कर्मचारी सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। टाइगर शिवाजी के हमले में महिला कर्मचारी की जान चली गई, लेकिन हादसे तक पहुंचने वाली परिस्थितियों की पूरी तस्वीर अभी सामने आना बाकी है।
अब सबसे अहम सवाल यही है कि टाइगर और सफाईकर्मी एक ही हिस्से में कैसे पहुंचे और सुरक्षा की कौन-सी कड़ी टूटी। विभागीय जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि घटना मानवीय भूल, protocol violation या किसी दूसरी वजह से हुई।
आधिकारिक जानकारी के लिए Rajasthan Forest Department और पार्क की जानकारी के लिए Rajasthan Tourism – Nahargarh Biological Park देखा जा सकता है। राजस्थान की दूसरी खबरों के लिए The News Canvas पढ़ें।

