निरीक्षण में खामियां मिलने पर Niloufer Cafe का फायर NOC रद्द

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Image: Social Media

हैदराबाद के बंजारा हिल्स में मौजूद मशहूर Niloufer Cafe पर तब सवाल उठने लगे, जब तेलंगाना फ़ायर सर्विस के अधिकारियों ने अचानक की गई जांच में आग से सुरक्षा के नियमों का गंभीर उल्लंघन पाया।

यह जांच बंजारा हिल्स के रोड नंबर 12 पर मौजूद उस कमर्शियल बिल्डिंग में की गई, जिसमें Niloufer Cafe चलता है। विभाग को मिली जानकारी और हाल ही में आग लगने की घटनाओं, जिनमें जान-माल का नुकसान हुआ—को लेकर बढ़ती चिंताओं के बाद यह जांच की गई। दिलचस्प बात यह है कि यह कैफ़े ठीक उस ICC सेंटर के सामने है, जहाँ हैदराबाद CP का ऑफ़िस है।

अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान कई अनियमितताएं पाई गईं। इनमें से एक बड़ी गड़बड़ी यह थी कि चौथी मंज़िल के ऊपर ज़रूरी मंज़ूरी के बिना एक पूरा रेस्टोरेंट चलाया जा रहा था। अधिकारियों ने कहा कि यह उन शर्तों का साफ़ उल्लंघन था, जिनके तहत फ़ायर सेफ़्टी मंज़ूरी दी गई थी।

नियमों के उल्लंघन और लोगों की सुरक्षा को संभावित खतरे को गंभीरता से लेते हुए, तेलंगाना फायर सर्विस के डायरेक्टर जनरल विक्रम सिंह मान ने उस प्रतिष्ठान को जारी फायर नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) को रद्द करने का आदेश दिया।

फायर सेफ्टी विंग ने कहा, “जांच के दौरान मिली कमियों से लोगों की जान और संपत्ति को तुरंत खतरा हो सकता था। लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए, फायर NOC रद्द कर दी गई है।”

फायर सर्विस डिपार्टमेंट ने कहा कि जो संस्थान आग से सुरक्षा के नियमों का पालन नहीं करेंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने ज़ोर देकर कहा कि आग से सुरक्षा के नियम वैकल्पिक नहीं हैं और उनका हर हाल में पालन किया जाना चाहिए।

विभाग ने कहा कि लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और चेतावनी दी कि आग से सुरक्षा नियमों के पालन में किसी भी तरह की लापरवाही से सख्ती से निपटा जाएगा।

1978 में शुरू हुआ Niloufer Cafe ​​हैदराबाद के सबसे मशहूर ईरानी चाय ब्रांड्स में से एक है और चाय के शौकीनों व युवाओं के बीच बहुत लोकप्रिय है। ब्रांड का कहना है कि वे रोज़ाना 20,000 से ज़्यादा ग्राहकों को सेवा देते हैं।

यह कैफ़े अपनी खास ईरानी चाय, उस्मानिया बिस्कुट, बन मस्का और बेकरी प्रोडक्ट्स के लिए मशहूर है। आम आउटलेट्स पर एक कप चाय की कीमत आमतौर पर ₹45 से ₹60 के बीच होती है, जबकि प्रीमियम लाउंज में इसकी कीमत ज़्यादा होती है।

दो लोगों के लिए औसत खर्च ₹400 से ₹500 के बीच आता है। यह ब्रांड एंटरप्रेन्योर ए. बाबू राव का है, जो 1970 के दशक में हैदराबाद आए थे और ‘Niloufer Cafe ​’ में सर्विस बॉय के तौर पर काम करने लगे थे। बाद में 1993 में उन्होंने यह बिज़नेस खरीद लिया और इसे शहर के सबसे मशहूर फ़ूड ब्रांड्स में से एक बना दिया। अभी शहर में इसके 9 आउटलेट चल रहे हैं, जिनमें हाई-टेक सिटी का सबसे बड़ा टी कैफे भी शामिल है, जो युवाओं और IT प्रोफेशनल्स के बीच बहुत लोकप्रिय है।

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