राजस्थान कांग्रेस में अशोक गहलोत समर्थकों की नारेबाजी, गोविंद सिंह डोटासरा की संगठन वाली चेतावनी और शांति धारीवाल के बयान ने नई सियासी बहस छेड़ दी है। धारीवाल ने अशोक गहलोत को राजस्थान का ‘High Command’ बताते हुए अपने बयान पर कायम रहने की बात कही। दूसरी ओर डोटासरा ने साफ संदेश दिया कि कांग्रेस कार्यालय में किसी व्यक्ति विशेष की Branding नहीं चलेगी। गहलोत ने पार्टी में किसी नाराजगी से इनकार किया है, लेकिन बयानों ने संगठन और नेतृत्व के शक्ति-संतुलन पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर राजस्थान कांग्रेस में असली High Command कौन है—दिल्ली, संगठन या अशोक गहलोत?




